रुद्रपुर/सितारगंज न्यूज़।(राजतंत्र टाइम्स) एसएसपी ऊधमसिंहनगर अजय गणपति के निर्देशन में अपराध और अपराधियों के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान के तहत SOG टीम और सितारगंज पुलिस टीम को बड़ी सफलता हाथ लगी है। पुलिस द्वारा पकड़े गए अभियुक्त से की गई गहन पूछताछ और तकनीकी जांच में चौंकाने वाले खुलासे हुए हैं। पुलिस टीम द्वारा अभियुक्त के मोबाइल नंबर और बैंक खातों की जांच के दौरान यह पाया गया कि उक्त खातों से जम्मू-कश्मीर के विभिन्न बैंक खातों में संदिग्ध लेनदेन किया जा रहा है। मामले की गंभीरता को देखते हुए जब जम्मू-कश्मीर पुलिस से संपर्क किया गया, तो एक बड़े नेटवर्क का पर्दाफाश हुआ। जो जम्मू-कश्मीर के टुलरन सोफिया का निवासी है, इस नेटवर्क का मुख्य हिस्सा है। रेहान मीर प्रतिबंधित आतंकवादी संगठन अल बदर’ का ओवर ग्राउंड वर्कर (OGW) है। वह पकड़े गए अभियुक्त के खाते में लगातार पैसे ट्रांसफर कर रहा था।
हथियार सप्लाई और दिल्ली पुलिस की जांच
इस मामले के तार सितारगंज से भी जुड़े पाए गए हैं। दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल इस बात की विस्तृत जांच कर रही है कि रेहान मीर द्वारा सितारगंज निवासी हनी के खाते में जो धन भेजा गया था, उसके बदले हनी द्वारा हथियारों की सप्लाई की गई थी या नहीं।
मुख्य बिंदु
दिल्ली स्पेशल सेल में इस संबंध में अभियोग पंजीकृत किया जा चुका है।
आतंकी गतिविधियों और हथियारों की तस्करी के दृष्टिकोण से दोनों आरोपियों के संबंधों की जांच जारी है।
उधम सिंह नगर पुलिस अब अग्रिम कार्रवाई के लिए जम्मू-कश्मीर पुलिस और दिल्ली पुलिस के साथ निरंतर समन्वय बनाए हुए है।
राष्ट्र विरोधी गतिविधियों में संलिप्त किसी भी अपराधी को बख्शा नहीं जाएगा और नेटवर्क के हर सदस्य तक पहुँचने के प्रयास जारी हैं।
आप को बतादें की ऑपरेशन प्रहार” के तहत जनपद में अपराधों की रोकथाम एवं अवैध गतिविधियों के विरुद्ध सघन अभियान चलाया जा रहा है। एसओजी रुद्रपुर एवं कोतवाली सितारगंज पुलिस ने आठ अप्रैल की रात करीब साढ़े आठ बजे चेकिंग की तो इस दौरान दो संदिग्ध व्यक्ति को बिना नम्बर प्लेट की सफेद स्विफ्ट कार से सिडकुल फेस-02 क्षेत्र से कच्चे रास्ते के माध्यम से अवैध असलहा लेकर जाते समय पकड़ लिया। तत्काल पुलिस टीम द्वारा प्रभावी घेराबंदी की गई। कार की तलाशी में भारी मात्रा में अवैध असलहा एवं कारतूस बरामद हुए।पूछताछ में आरोपितों ने बताया कि वे पुलिस दबिश के डर से हथियारों को चोरगलिया जंगल में छिपाने जा रहे थे तथा अंतर्राज्यीय स्तर पर इनकी सप्लाई करते थे। आरोपित हरेन्द्र सिंह उर्फ हनी पुत्र इन्द्रपाल सिंह, निवासी बिरिया फार्म सिसैया, कोतवाली सितारगंज और
निखिल वर्मा उर्फ रानू पुत्र रमेश चन्द्र, निवासी केशवनगर, सितारगंज का रहने वाला है। दोनों तस्करों के विरुद्ध पांच पांच मुकदमे , कोतवाली सितारगंज में पंजीकृत
है। दो अदद पोनिया 12 बोर रायफल, अदद रिवाल्वर 32 बोर,एक अदद तमंचा 32 बोर,एक अदद तमंचा 315 बोर
,44 अदद कारतूस 315 बोर, 43 अदद जिंदा कारतूस 12 बोर, 128 अदद कारतूस 32 बोर, 56खोखा कारतूस 315 बोर, 23 खोखा कारतूस 12 बोर, 50 खोखा कारतूस 32 बोर, एक स्विफ्ट कार (बिना नम्बर प्लेट) बरामद हुई। एसएसपी अजय गणपति ने बताया कि आरोपितों पर प्राथमिकी पंजीकृत कर जांच की जा रही है।बताया कि इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस के माध्यम से अभियुक्तों के मोबाइल फोन, कॉल डिटेल्स एवं बैंक खातों की जांच की जा रही है। साथ ही अन्य सहयोगियों एवं सप्लायरों की गिरफ्तारी हेतु पुलिस टीमों का गठन कर दबिश दी जा रही है। आरोपितों ने पूछताछ में बताया कि वे अंतर्राज्यीय स्तर पर अवैध हथियारों की सप्लाई करते थे। उन्होंने यह भी स्वीकार किया कि जम्मू निवासी “वाहिद/वाजिद” सहित अन्य व्यक्तियों को हथियार उपलब्ध कराए जाते थे।पूछताछ में यह तथ्य भी सामने आया कि पुलभट्टा निवासी इन्द्रजीत संधू व पवन संधू के माध्यम से यह नेटवर्क संचालित किया जा रहा था। आरोपित अवैध हथियारों की खरीद-फरोख्त कर आर्थिक लाभ अर्जित कर रहे पुलिस दबिश के बाद दोनों आरोपी बरामद हथियारों को चोरगलिया जंगल में छिपाने की योजना बनाकर जा रहे थे, तभी पुलिस टीम द्वारा उन्हें पकड़ लिया गया।

