पंतनगर। (राजतंत्र टाइम्स)। गोविन्द बल्लभ पंत कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, पंतनगर के संकाय विकास केन्द्र द्वारा ‘शिक्षकों के लिए कृत्रिम बुद्धिमत्ता: मूलभूत अवधारणाओं से व्यवहारिक उपयोग तक’ विषय पर आयोजित पाँच-दिवसीय संकाय विकास कार्यक्रम का द्वितीय सत्र का उद्घाटन विश्वविद्यालय के कुलपति डा. शिवेन्द्र कुमार कश्यप द्वारा किया गया। यह कार्यक्रम 3 से 7 अगस्त, 2026 तक आयोजित किया जा रहा है।
अपने उद्घाटन संबोधन में विश्वविद्यालय के कुलपति डा. शिवेन्द्र कुमार कश्यप ने उच्च शिक्षा, अनुसंधान तथा प्रसार कार्यों में कृत्रिम बुद्धिमत्ता की बढ़ती भूमिका पर प्रकाश डालते हुए कहा कि एआई शिक्षा व्यवस्था में गुणात्मक परिवर्तन लाने का प्रभावी माध्यम है। उन्होंने शिक्षकों से आह्वान किया कि वे एआई आधारित तकनीकों एवं उपकरणों का जिम्मेदारीपूर्वक उपयोग कर शिक्षण की गुणवत्ता, अनुसंधान की उत्पादकता तथा शैक्षणिक नवाचार को नई दिशा प्रदान करें। उद्घाटन सत्र में विश्वविद्यालय के विभिन्न महाविद्यालयों के अधिष्ठाता, निदेशक, विभागाध्यक्ष तथा संकाय सदस्य उपस्थित रहे। कार्यक्रम का समन्वयन डा. जे. पी. पुरवार, समन्वयक, संकाय विकास केन्द्र द्वारा किया जा रहा है।
इस पाँच-दिवसीय कार्यक्रम का उद्देश्य शिक्षकों को कृत्रिम बुद्धिमत्ता आधारित उपकरणों के उपयोग का व्यवहारिक ज्ञान एवं प्रशिक्षण प्रदान करना है, जिससे वे शिक्षण, अध्ययन सामग्री निर्माण, अनुसंधान, डेटा प्रबंधन तथा शैक्षणिक प्रशासन में एआई का प्रभावी उपयोग कर सकें। कार्यक्रम के दौरान प्रतिभागियों के लिए विशेषज्ञ व्याख्यान, प्रदर्शन (डेमो) तथा व्यवहारिक प्रशिक्षण सत्र आयोजित किए जाएंगे, ताकि वे उच्च शिक्षा में कृत्रिम बुद्धिमत्ता के प्रभावी एकीकरण की दिशा में आवश्यक दक्षता प्राप्त कर सकें।


